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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया राजस्व लोग अदालत का शुभारम्भ

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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया राजस्व लोग अदालत का शुभारम्भ

shikhrokiawaaz.com

03/28/2026


देहरादून: प्रदेश में लंबित राजस्व मामलों के त्वरित निस्तारण और आमजन को सुलभ न्याय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से "राजस्व लोक अदालत"का शुभारम्भ किया। इस पहल को राज्य सरकार की न्याय प्रणाली को अधिक सरल, प्रभावी और पारदर्शी बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को समयबद्ध और निष्पक्ष न्याय मेले। उन्होंने कहा कि "न्याय आपके द्वार "अभियान के माध्यम से वर्षों से लंबित राजस्व विवादों का समाधान तेजी से किया जाएगा, जिससे आम लोगों को राहत मिलेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भूमि विवाद केवल कानूनी प्रकिया नहीं, बल्कि लोगों की आजीविका और सम्मान से जुड़े संवेदनशील विषय हैं।
प्रदेश में इस समय 400 से अधिक राजस्व न्यायलयों में करीब 50हजार मामले लंबित हैं। इनकी सुनवाई में तेजी लाने के लिए राज्य सरकार ने सरलीकरण, समाधान,निस्तारीकरण एवं संतुष्टि के सिद्धांत पर आधारित यह अभिनव पहल शुरू की है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के सभी 13 जिलों में 210 स्थानों पर एक साथ राजस्व लोक अदालतों का आयोजन किया जा रहा है, जहां करीब 6, 933मामलों के निस्तारण का लक्ष्य रखा गया है। इन लोक अदालतों में भूमि विवादों के अलावा अखबारी, खाद्य, स्टाम्प,सरफेसी, गुंडा एक्ट, सीआरपीसी, विद्युत अधिनियम, वरिष्ठ नागरिक अधिनियम और रेंट कंट्रोल एक्ट से जुड़े मामलों की भी सुनवाई होगी।
डिजिटल सुविधाओं को बढ़ावा देते हुए मुख्यमंत्री ने "राजस्व न्यायालय मामला प्रबंधन प्रणाली(Revenue Court Case Management System) का उल्लेख किया, जिसके जरिए अब नागरिक घर बैठे अपने मामले दर्ज कर सकेंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अविवादित विरासत के मामलों में समयसीमा के भीतर नामांतरण सुनिश्चित किया जाए और विवादित मामलों का निस्तारण अधिकतम एक माह में किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल नरेंद्र मोदी के"सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास"के मंत्र को आगे बढ़ाती है, जिसका उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक सरकारी सेवाओं का लाभ पहुंचना है।
बैठक में मुख्य सचिव आनंद बर्धन ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी लबिंग राजस्व मामलों का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए और बैकलॉग को जल्द से जल्द समाप्त किया जाए। उन्होंने जिलाधिकारियों से कहा कि एक माह के भीतर अधिकतम प्रकरणों का समाधान सुनिश्चित करें। सरकार की इस पहल से प्रदेश में न्याय प्रकिया को गति मिलने के साथ ही आमजन का भरोसा भी और अजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।
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