कृपया अफवाहों को न फैलाये। हमारे जिले का शासन-प्रशासन जिम्मेदारी व्यक्तिवो के हाथों में है। कोई भी अराजकता या हिंसा फैलाने की कोशिश करेगा उसको कानून की तरफ से सजा अवश्य ही मिलेगी। कोई भी व्यक्ति बहकावे में आकर हिंसा में शामिल होने से बचे। देहरादून का माहौल बिगाड़ना हो तो बहुत सारे असामाजिक तत्व आये दिन अपना काम करते रहते है।
अपराध की घटनाओं को अंजाम देने वालो का कोई धर्म नही होता। अपराधी अपराध करके चले जाते है और बेवकूफ जनता उस अपराध को अपने नजरिये से देख कर धार्मिक रूप दे देती है। और फिर ये घटनाएं राजनीतिक रूप ले लेती है। सत्ता पक्ष अपनी पॉवर दिखाता है तो विपक्ष सहानुभूति के जरिये अपनी राजनीति चमकाने में कोई कसर नही छोड़ती।
आजकल हर घटनाओं को धार्मिक नजरिये से जोड़ा जा रहा है। जोकि बहुत बड़ा दुर्भाग्य का कारण है।ऐसा लगता कि हम लोग नाम के कारण अपराधियों पर सख्ती करने लग गये है। जोकि हम सबके लिए बेहद घातक सिद्ध होने वाला है।
आज जो भी सहसपुर क्षेत्र में हुआ है वो बहुत ही दुखद है उसके हर पहलू की कानूनी दृष्टि से निष्पक्ष जाँच की जानी अति आवश्यक है।